कल की ताज़ा खबर
Kal Ki Taza Khabar : How the media changed after 1995 and how the market forces redefined the readership market. In-depth analysis , a sequel of Apane Girebaan men. Published by Vagdevi.
जैसे कोई कबाड़ी घर के बाहर चिल्ला रहा हो – खाली डब्बा , खाली बोतल दे दो! वैसे हीआवाज़ सुनाई देती है- अख़बार ले लो, साथ में बाल्टी -गिलास फ्री . मीडिया की ताक़त मशहूर लोगों की जन्नत में चहलकदमी करती दिखाई देती है. जीवन पारिवर्तन की गति ,मनोरंजन का अर्थशास्त्र तथा मीडिया की नैतिकता के पैमानों की नए सिरे से पड़ताल के लिए पाठकों का इस किताब से गुजरना अनिवार्य है.








